चारा घोटाला में लालू प्रसाद को बचा रहे थे रंजीत सिन्हा!
- Saturday, November 24, 2012, 13:58
- खबरों के पीछे
सीबीआई के नवनियुक्त निदेशक रंजीत सिन्हा लालू प्रसाद के साथ अपनी नजदीकियों के लिए खासे चर्चित रहे हैं। चारा घोटाला मामले में रंजीत सिन्हा पर लालू प्रसाद के साथ नरमी बरतने का आरोप लगा था। यहाँ तक की अदालत ने भी उनके जांच करने के तरीके पर अपनी आपत्ति दर्ज की थी, जिसके कारण उन्हें इस जांच प्रक्रिया से अलग होना पड़ा था।
उन दिनों वे डीआईजी (सीबीआई) के पद पर पटना में पदस्पाथित थे। यह माना गया कि क्योंकि वे बिहार कैडर से हैं इसलिए तत्कालीन मुख्यमंत्री लालू प्रसाद के खिलाफ चल रही जांच के साथ वे न्याय नहीं कर सकते।
लालू प्रसाद के साथ रंजीत सिन्हा की कथित निकटता ने उन्हें इसके एक दशक के बाद पुरस्कृत भी किया। यूपीए-1 में लालू प्रसाद रेल मंत्री बने। लालू प्रसाद ने रेलवे प्रोटेक्शन फ़ोर्स (आरपीएफ) के प्रमुख का पद तब तक के लिए रिक्त रखा जब तक रंजीत सिन्हा डायरेक्टर जनरल (डीजी) के पैनल में नहीं आ गए। रंजीत सिन्हा आरपीएफ के प्रमुख बनाये गए। लालू प्रसाद जब तक रेल मंत्री रहे, सिन्हा इस पद पर बने रहे।
इस पद पर रहने के दौरान सिन्हा ने कई उल्लेखनीय कार्य भी किये। मुंबई के सीएसटी पर आतंकी हमले के बाद उन्होंने स्टेशनों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करवाए। उन्होंने ब्रह्मपुत्र और असम की घाटियों के रेल मार्गों पर अतिरिक्त सुरक्षा प्रबंध किये। यहाँ उग्रवादी निरंतर रेल को निशाना बनाया करते थे। उन्होंने मणिपुर, त्रिपुरा और मिजोरम में भी बुलेट-प्रूफ ट्रेन दिए। 2009 में ममता बनर्जी के रेल मंत्री बनने के बाद वे इस पद पर से हटा दिए गए।
पटना में अपने कार्यकाल के अतिरिक्त सिन्हा पर अन्य कोई आरोप नहीं लगे। देश के इस वरिष्ठतम आईपीएस अधिकारी का 40 वर्षों का कार्यकाल विवादरहित रहा। सिन्हा हमेशा ‘लो-प्रोफाइल’ में रहे। इसीलिए जब सीबीआई के निदेशक का चयन हो रहा था, किसी ने उनके बारे में नहीं सोचा था। उन्हें हलका उम्मीदवार माना जा रहा था। साथ ही उन्हें कोई ख़ास राजनैतिक समर्थन भी हासिल नहीं था। इसीलिए जमशेदपुर में जन्मे 1974 बैच के इस आईपीएस को जब इस सबसे प्रतिष्ठित पद के लिए चुना गया तब कुछ लोगों को आश्चर्य भी हुआ।
इन दिनों रंजीत सिन्हा इंडो-तिब्बतन बॉर्डर पुलिस के डीजी के पद पर हैं। मात्र 21 वर्ष की आयु में आईपीएस के पद पर चुने गए रंजीत सिन्हा अगले दो वर्षों तक सीबीआई के निदेशक रहेंगे।
बिहार खोज खबर ब्यूरो




Unse puchhiye Mamta kulkarni ka kya hal hay. Because pura chara ghotala to usi ke…………me bhar diya tha.